Agniveer Salary 2026: अगर आप भारतीय सेना में अग्निवीर बनने का सपना देख रहे हैं, तो सबसे पहले यह जानना जरूरी है कि इसमें सैलरी कितनी मिलती है, कितना हाथ में आता है और 4 साल बाद क्या मिलता है। आइए पूरी जानकारी आसान भाषा में समझते हैं…
Agniveer Salary 2026 – एक नजर में
अग्निपथ योजना के तहत भारतीय सेना में चुने जाने वाले अग्निवीरों को पहले साल हर महीने ₹30,000 की सैलरी मिलती है। लेकिन यह पूरे ₹30,000 हाथ में नहीं आते। इसमें से 30% यानी ₹9,000 हर महीने “सेवा निधि कोष” में जमा होते हैं। इसके बाद हाथ में ₹21,000 आते हैं।
अच्छी बात यह है कि जो ₹9,000 काटे जाते हैं, उतना ही पैसा सरकार भी अपनी तरफ से जमा करती है। यानी आपका पैसा डबल होता जाता है। 4 साल बाद यही रकम ब्याज समेत एकमुश्त मिलती है, जिसे सेवा निधि पैकेज कहते हैं।
Agniveer Salary 2026: साल दर साल सैलरी कितनी बढ़ती है?
अग्निवीर की सैलरी हर साल बढ़ती है। चारों साल का पूरा ब्यौरा इस तरह है:
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- पहला साल: ग्रॉस सैलरी ₹30,000 | सेवा निधि कटौती ₹9,000 | हाथ में ₹21,000
- दूसरा साल: ग्रॉस सैलरी ₹33,000 | सेवा निधि कटौती ₹9,900 | हाथ में ₹23,100
- तीसरा साल: ग्रॉस सैलरी ₹36,500 | सेवा निधि कटौती ₹10,950 | हाथ में ₹25,580
- चौथा साल: ग्रॉस सैलरी ₹40,000 | सेवा निधि कटौती ₹12,000 | हाथ में ₹28,000
यानी 4 साल की नौकरी के अंत तक हाथ में मिलने वाली सैलरी ₹21,000 से बढ़कर ₹28,000 हो जाती है। यह बढ़ोतरी हर साल करीब 10% की दर से होती है।
Agniveer Salary 2026: सैलरी के अलावा और क्या-क्या मिलता है?
सेना में काम करने वाले अग्निवीरों को सिर्फ बेसिक सैलरी ही नहीं, बल्कि कई और भत्ते और सुविधाएं भी मिलती हैं। इनमें मुख्य हैं:
रिस्क और हार्डशिप अलाउंस: जो अग्निवीर कठिन इलाकों जैसे सरहद, पहाड़ या रेगिस्तान में तैनात होते हैं, उन्हें अतिरिक्त भत्ता मिलता है।
ड्रेस अलाउंस: यूनिफॉर्म और उसकी देखभाल के लिए अलग से पैसे मिलते हैं।
राशन अलाउंस: खाने-पीने की सुविधा या उसके बदले पैसे दिए जाते हैं।
ट्रैवल अलाउंस: ड्यूटी के दौरान यात्रा के लिए भत्ता मिलता है।
मेडिकल सुविधाएं: नौकरी के दौरान सेना के अस्पतालों में मुफ्त इलाज की सुविधा।
कैंटीन सुविधा: सस्ते दाम पर राशन और जरूरी सामान मिलता है।
₹48 लाख का बीमा – परिवार को मिलती है सुरक्षा
अग्निवीरों को नौकरी के दौरान ₹48 लाख का गैर-अंशदायी जीवन बीमा मिलता है। इसका मतलब यह है कि इसके लिए अग्निवीर को कोई प्रीमियम नहीं देना पड़ता।
अगर किसी दुर्भाग्यपूर्ण स्थिति में नौकरी के दौरान अग्निवीर की मृत्यु हो जाती है, तो उसके परिवार को यह ₹48 लाख का बीमा मिलता है। इसके अलावा, जिस तरह की मृत्यु हुई है, उसके आधार पर तीन कैटेगरी बनाई गई हैं — X, Y और Z।
सरकारी आंकड़ों के अनुसार, युद्ध में शहीद होने वाले अग्निवीरों के परिवार को कुल मिलाकर करीब ₹1.65 करोड़ तक का मुआवजा मिल सकता है। इसमें ₹48 लाख का बीमा, ₹44 लाख की एक्स-ग्रेशिया, सेना कल्याण कोष से ₹8 लाख और बाकी बची सैलरी व सेवा निधि शामिल है।
Agniveer Salary 2026: 4 साल बाद सेवा निधि – कितना मिलेगा?
4 साल की सेवा पूरी होने के बाद जो अग्निवीर नियमित सेना में नहीं चुने जाते, उन्हें एकमुश्त सेवा निधि पैकेज दिया जाता है। यह पैकेज करीब ₹11.71 लाख का होता है।
इसमें शामिल है:
- अग्निवीर का अपना योगदान (4 साल की कटौती) — करीब ₹5.02 लाख
- सरकार का बराबर योगदान — करीब ₹5.02 लाख
- 4 साल का जमा ब्याज — करीब ₹1.67 लाख
और सबसे अच्छी बात, यह पूरी रकम टैक्स फ्री होती है। यानी इस पर कोई इनकम टैक्स नहीं लगेगा।
यह पैसा युवाओं को अपनी आगे की जिंदगी शुरू करने में मदद करता है, चाहे वो खुद का काम शुरू करना हो, आगे पढ़ाई करनी हो या किसी और सरकारी नौकरी की तैयारी करनी हो।

Agniveer Salary 2026: 25% को मिलता है परमानेंट नौकरी का मौका
4 साल की सेवा के बाद सभी अग्निवीर बाहर नहीं होते। 25% अग्निवीरों को भारतीय सेना में स्थायी रूप से भर्ती किया जाता है। यह चुनाव प्रदर्शन, अनुशासन और मेरिट के आधार पर होता है।
जो 25% अग्निवीर नियमित कैडर में आते हैं, उनकी सेवा 15 साल या उससे ज्यादा की होती है और वो पेंशन और बाकी सभी सुविधाओं के हकदार बन जाते हैं।
Agniveer Salary 2026: ट्रेनिंग के दौरान भी मिलती है पूरी सैलरी
बहुत से लोग यह नहीं जानते कि अग्निवीरों को ट्रेनिंग पीरियड के दौरान भी पहले साल की पूरी सैलरी मिलती है। ट्रेनिंग की अवधि 10 हफ्ते से 6 महीने तक हो सकती है, जो कैटेगरी और ट्रेड पर निर्भर करती है। इस दौरान ₹30,000 की मासिक सैलरी और सभी सुविधाएं पहले दिन से ही मिलने लगती हैं।
Agniveer Salary 2026: 4 साल बाद और क्या मिलेगा?
जो 75% अग्निवीर नियमित सेना में नहीं जाते, उनके लिए भी काफी रास्ते खुले हैं:
स्किल सर्टिफिकेट: सेवा के दौरान जो भी स्किल्स सीखी हैं, उसका एक विस्तृत प्रमाणपत्र मिलता है जो प्राइवेट नौकरी में काम आता है।
12वीं का सर्टिफिकेट: जो अग्निवीर 10वीं पास करके भर्ती हुए थे, उन्हें 4 साल बाद 12वीं के समकक्ष सर्टिफिकेट दिया जाता है।
सरकारी नौकरियों में प्राथमिकता: CAPF (सीआरपीएफ, बीएसएफ जैसे अर्धसैनिक बल) और कई राज्यों की पुलिस भर्ती में अग्निवीरों को प्राथमिकता दी जाती है।
Agniveer Salary 2026: क्या पेंशन मिलेगी?
यह सवाल सबसे ज्यादा पूछा जाता है। साफ जवाब यह है कि 4 साल की सेवा के बाद मासिक पेंशन नहीं मिलती। लेकिन सेवा निधि पैकेज के रूप में एकमुश्त ₹11.71 लाख जरूर मिलते हैं। इसके अलावा अग्निवीरों को प्रोविडेंट फंड (PF) में कोई अंशदान नहीं करना पड़ता और ग्रेच्युटी भी नहीं मिलती।
हालांकि जो 25% अग्निवीर नियमित सेना में चुने जाते हैं, उन्हें लंबी सेवा के बाद पेंशन का पूरा लाभ मिलता है।
Agniveer Salary 2026: सेना में भर्ती होने की पूरी तस्वीर
अग्निपथ योजना 2022 में शुरू की गई थी। इसका मकसद भारतीय सेना को युवा और तकनीकी रूप से मजबूत बनाना है। इसमें सेना के तीनों अंगों, थल सेना, वायु सेना और नौसेना में भर्ती होती है।
इस योजना के तहत GD (जनरल ड्यूटी), ट्रेड्समैन और क्लर्क जैसी पोस्ट पर भर्ती होती है। 10वीं या 12वीं पास युवा आवेदन कर सकते हैं। महिला अग्निवीर भी इस योजना में शामिल हो सकती हैं, खासकर मिलिट्री पुलिस कैटेगरी में।
निष्कर्ष
अग्निवीर की नौकरी सिर्फ एक सरकारी नौकरी नहीं है यह एक मौका है देश की सेवा करने का और साथ में खुद को शारीरिक, मानसिक और आर्थिक रूप से मजबूत बनाने का। हर महीने ₹21,000 से ₹28,000 की इन-हैंड सैलरी, ₹48 लाख का बीमा, ₹11.71 लाख का टैक्स फ्री सेवा निधि पैकेज और 25% को परमानेंट नौकरी का मौका ये सब मिलाकर इसे एक आकर्षक करियर विकल्प बनाते हैं।
अगर आप या आपके घर में कोई सेना में जाने का सपना देख रहा है, तो अग्निपथ योजना 2026 के लिए तैयारी शुरू करें।
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